रायपुर निगम में पद का दुरुपयोग: जोन अध्यक्ष पत्नी की जगह बैठक लेते दिखे पति, बोर्ड से लेकर मीटिंग तक सभी में पूर्व पार्षद हावी

जोन अध्यक्ष पत्नी की जगह बैठक लेते दिखे प्रमोद साहू
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर नगर निगम के जोन-3 में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां जल संकट पर आयोजित आधिकारिक बैठक में चुनी हुई जोन अध्यक्ष साधना साहू की जगह उनके पति और पूर्व पार्षद प्रमोद साहू बैठक संचालित करते दिखाई दिए। इस घटना ने न केवल नियमों की अनदेखी को उजागर किया, बल्कि राजनीतिक गलियारों में भी नई बहस छेड़ दी है।
जोन-3 की बैठक में पति की 'अध्यक्षीय भूमिका'
जल समस्या को लेकर जोन-3 कार्यालय में बैठक चल रही थी। आधिकारिक तौर पर अध्यक्ष साधना साहू बैठक की अध्यक्षता करने की पात्र थीं, लेकिन बैठक का संचालन उनके पति और पूर्व पार्षद प्रमोद साहू करते दिखाई दिए। खास बात यह कि अध्यक्ष साधना साहू और MIC सदस्य वहीं पास में मौजूद थे, फिर भी बैठक का नेतृत्व उनके पति ने किया।

जोन में जगह-जगह पति के नाम के बोर्ड
स्थानीय लोगों व जनप्रतिनिधियों ने यह भी आरोप लगाया है कि जोन क्षेत्र में 8 से 10 स्थानों पर प्रमोद साहू के नाम के बोर्ड लगे हुए हैं। यानी पद पत्नी के पास है, लेकिन पहचान और प्रभुत्व पति का दिखाई दे रहा है, जिसे नियम विरोधी और नैतिक रूप से गलत बताया जा रहा है।

नेता प्रतिपक्ष का आरोप- तानाशाही चल रही है
नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी ने इस मामले पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए पूर्व पार्षद प्रमोद साहू पर तानाशाही का आरोप लगाया, उन्होंने कहा कि यह लोकतांत्रिक व्यवस्था का खुला उल्लंघन है, जहां चुने हुए प्रतिनिधि के अधिकारों का दुरुपयोग कर पति खुलेआम पद का लाभ उठा रहे हैं।
पूर्व में भी अध्यक्ष रहे हैं प्रमोद साहू
प्रमोद साहू पूर्व में भी जोन अध्यक्ष रह चुके हैं। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि, उसी प्रभाव का उपयोग करते हुए वे जोन में आज भी सक्रिय रूप से फैसले लेते दिखाई देते हैं, जबकि वर्तमान में पद उनकी पत्नी के पास है।
